सन्दर्भ:
: हुसैन सागर झील से बहुत तेज़ बदबू आ रही है, क्योंकि गर्मियों का तापमान बढ़ने के कारण उसमें भारी मात्रा में शैवाल (algae) उग आए हैं।
हुसैन सागर झील के बारे में:
- यह हैदराबाद, तेलंगाना में स्थित एक कृत्रिम झील है।
- इसे ‘टैंक बंड’ भी कहा जाता है और यह मूसी नदी की एक सहायक नदी पर स्थित है।
- यह एशिया की सबसे बड़ी मानव-निर्मित झीलों में से एक है।
- संयुक्त राष्ट्र विश्व पर्यटन संगठन ने इस झील को “दुनिया का दिल” (Heart of the World) नाम दिया है।
- इसका निर्माण 1562 ईस्वी में कुतुब शाही वंश के चौथे शासक इब्राहिम कुली कुतुब शाह के शासनकाल के दौरान किया गया था।
- इस झील का नाम हुसैन शाह वली के नाम पर रखा गया था, जो इसके मुख्य अभियंता थे और जिन्होंने इसके निर्माण की रूपरेखा तैयार की तथा इसकी देखरेख की थी।
- यह झील भगवान बुद्ध की विशाल एकाश्म प्रतिमा के लिए प्रसिद्ध है, जो इसके ठीक मध्य में स्थित है।
- शुरुआती दिनों में इसका विशेष महत्व था, क्योंकि यह हैदराबाद और सिकंदराबाद- इन जुड़वां शहरों को आपस में जोड़ती थी।
- इसे मूल रूप से शहर की सिंचाई और पानी की अन्य आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए बनाया गया था।
- इंदिरा पार्क, लुम्बिनी पार्क और संजीवैया पार्क- ये तीनों पार्क झील को तीन तरफ से घेरे हुए हैं।
