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RASTRIY VIGYAN DIWAS
आज है राष्ट्रीय विज्ञान दिवस

सन्दर्भ-हर वर्ष 28 फरवरी को राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के रूप में नया जाता है।
उद्देश्य है- लोगो में विज्ञान के प्रति रुचि,और जागरूकता बढ़ाने के लिए तथा महत्त्व तथा अनुप्रयोगो को बताना।

2022 की थीम है-इंटीग्रेटेड एप्रोच इन एसएण्डटी फॉर सस्टेनेबल फ्यूचर
2021 की थीम था-फ्यूचर ऑफ़ एसटीआई:इम्पैक्टस ऑन एजुकेशन,स्किल्स एंड वर्क
प्रमुख तथ्य-आज के ही दिन प्रसिद्ध भारतीय वैज्ञानिक सीवी रमन ने रमन इफेक्ट की खोज की घोषणा की थी।
:इसके बाद 1986 से हर वर्ष 28 फरवरी को रमन इफेक्ट के लिए राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के रूप में मनाया जाता है।
:पहली बार राष्ट्रीय विज्ञान दिवस 28 फरवरी 1987 को मनाया गया था।
:सीवी रमन को इस खोज के लिए 1930 मे नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।
:इस दिवस के अवसर पर पुरे देश में राष्ट्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी परिषद तथा विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय द्वारा कई तरह के कार्यक्रम का आयोजन किया जाता है।
सीवी रमन- चंद्रशेखर वेंकट रमन का जन्म 7 नवम्बर 1888 को तमिलनाडु के तिरुचिलापल्ली में हुआ था।
:उन्होंने विशाखापट्टनम के सेंट एलॉयसिस एंग्लो-इंडियन हाईस्कूल और तत्कालीन मद्रास के प्रेसीडेन्सी कॉलेज से शिक्षा प्राप्त की।
:यूनिवर्सिटी ऑफ मद्रास से उन्हें भौतिकी (Physics) में गोल्ड मेडल मिला।
:1907 से 1933 के दौरान उन्होंने कोलकाता में इंडियन एसोसिएशन फॉर द कल्टीवेशन ऑफ साइंस में काम किया।
रमन प्रभाव- पारदर्शी माध्यम से गुजरने के बाद प्रकाश की किरणों के कुछ भाग बिखर जाते है,प्रकाश के प्रकीर्णन की इस घटना को रमन बिखराव (स्कैटरिंग),तथा इस प्रकीर्णन के कारण को रमन प्रभाव या रमन इफ़ेक्ट कहते है।


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By gkvidya

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