Mon. Jan 30th, 2023
विज्ञानिका-विज्ञान साहित्य महोत्सव
शेयर करें

सन्दर्भ:

: भारतीय अंतर्राष्ट्रीय विज्ञान महोत्सव (IISF), भोपाल में विज्ञानिका नाम से एक विज्ञान साहित्य महोत्सव आयोजित किया जा रहा है।

इसका उद्देश्य है:

: विज्ञान को बढ़ावा देने और जनता के बीच वैज्ञानिक सोच उत्पन्न करने की भारत की समृद्ध विरासत को प्रदर्शित करना।

विज्ञानिका के बारें में:

: इसका आयोजन 22 और 23 जनवरी, 2023 को किया जा रहा है।
: 8वें भारत अंतर्राष्ट्रीय विज्ञान महोत्सव (IISF) के एक हिस्से के रूप में इस “विज्ञान साहित्य महोत्सव” का आयोजन किया जा रहा है।
: विज्ञानिका का आयोजन मौलाना आज़ाद राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (MANIT), भोपाल के यांत्रिक अभियांत्रिकी (मैकेनिकल इंजीनियरिंग) विभाग के सभागार में किया जा रहा है।
: वार्षिक भारत अंतर्राष्ट्रीय विज्ञान महोत्सव, जो इस बार अपने 8वें संस्करण में है, विज्ञान और प्रौद्योगिकी के परिणामों का प्रदर्शन और उनका उल्लास मनाता है।
: IISF का लक्ष्य जनता को विज्ञान से जोड़ना और यह दिखाना है कि कैसे विज्ञान, प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग और गणित (STEM) हमारे जीवन को बेहतर बनाने के लिए समाधान प्रदान करते हैं।
: इस वर्ष IISF का समन्वयन और आयोजन पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय, विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय एवं विज्ञान भारती द्वारा किया जा रहा है।
: 2015 में IISF की शुरुआत के बाद से “विज्ञान साहित्य महोत्सव” अच्छी तरह से प्रस्तुत किए जाने वाले कार्यक्रमों में से एक के रूप में उभरा है।
: विज्ञानिका, वैज्ञानिक ज्ञान के प्रभावी संचार के लिए चुनौतियों और भविष्य के रोडमैप पर चर्चा और विचार-विमर्श को भी बढ़ावा देना चाहती है।
: विज्ञानिका कार्यक्रम के दौरान विज्ञान-समाज से जुड़े विभिन्न विषयों पर पैनल चर्चा और वैज्ञानिक सत्र भी आयोजित किए जाएंगे।
: भारत, G20 की अध्यक्षता (प्रेसीडेंसी) के चरण से गुजर रहा है और भारतीय विज्ञान संस्थान विज्ञान 20 (S20) के लिए सचिवालय बना है।
: विज्ञानिका कार्यक्रम में S 20 के उद्देश्य से एक मुख्य भाषण और एक विशेष वार्ता आयोजित की गई है।
: विज्ञानिका में छह सत्र होंगे, जिनमें मुख्य व्याख्यान, पैनल चर्चा और लेखकों के साथ बातचीत, नाटक तथा लोक नृत्य के माध्यम से वैज्ञानिक विचारों का चित्रण और विज्ञान कवि सम्मेलन शामिल हैं।
: विज्ञानिका कार्यक्रम में लगभग 300 विज्ञान लेखकों, संचारकों, कलाकारों, पत्रकारों, युवा और नवोदित लेखकों, शोधकर्ताओं, कॉलेज के छात्रों, बच्चों, विज्ञान के प्रति उत्साही, विज्ञान नीति निर्माताओं और नागरिकों के भाग लेने की संभावना है।


शेयर करें

By gkvidya

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *